रांची CITY

बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, मेसरा ने ‘अर्थ वीक’ के दौरान "भारत एनवायरनमेन्ट प्रोग्राम 2026" आयोजित

झारखंड उत्कर्ष संवाददाता
बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, मेसरा ने ‘अर्थ वीक’ के दौरान  "भारत एनवायरनमेन्ट प्रोग्राम 2026"  आयोजित   - header image
बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, मेसरा ने ‘अर्थ वीक’ के दौरान "भारत एनवायरनमेन्ट प्रोग्राम 2026" आयोजित
रांची : बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, मेसरा, रांची ने अर्थ वीक (22 अप्रैल-29 अप्रैल 2026) के दौरान ‘भारत एनवायरनमेन्ट प्रोग्राम- अ भारत सस्टेनेबल कैंपस मिशन 2026’ का सफल आयोजन किया। प्रोग्राम का आयोजन रीसर्च हाइट्स फाउन्डेशन के सहयोग से तथा एनवायरमेंटल प्रोटेक्शन ट्रेनिंग एंड रीसर्च इंस्टीट्यूट के साथ तालमेल में किया गया।

संस्थान की सस्टेनेबिलिटी कोऑर्डिनेटर डॉ. तनुश्री भट्टाचार्य के अनुसार, वरिष्ठ अधिकारियों, फैकल्टी सदस्यों, कर्मचारियों, एनएसएस-बीआईटी मेसरा और छात्रों ने पूरे उत्साह के साथ कार्यक्रम में हिस्सा लिया। सस्टेनेबिलिटी, पर्यावरणीय ज़िम्मेदारी और ग्रीन कैंपस को बढ़ावा देने की संस्थान की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। सेमेस्टर के अंतिम चरण को देखते हुए संस्थान में कई शैक्षणिक गतिविधियां जारी थीं, इसी के मद्देनज़र प्रोग्राम की कई गतिविधियों को पहले से पूरा कर लिया गया, ताकि अधिकतम प्रभाव और भागीदारी को सुनिश्चित किया जा सके।
प्रोग्राम के दौरान कई प्रभावी गतिविधियों की श्रृंखला आयोजित की गई। कैंपस में गीन कवर बढ़ाने और पर्यावरणी संतुलन को बढ़ावा देने के लिए एक वृक्षारोपण अभियान आयोजित किया गया। एक विशेष प्रतियोगिता ‘सस्टेनेबिलिटी आइडियाज़ एंड सोल्युशन्स’ में 123 छात्रों ने हिस्सा लिया, इनमें से चुनिंदा प्रतिभागियों को फाइनल पिचिंग राउंड तक पहुंचने तथा अपने आधुनिक एवं व्यवहारिक सस्टेनेबिलिटी समाधानों को प्रस्तुत करने का मौका मिला।

प्रतिभागियों को पर्यावरण के प्रति ज़िम्मेदार बनाने के लिए एक सस्टेनेबिलिटी शपथ अभियान भी आयोजित किया गया। इसके अलावा पर्यावरणी परफोर्मेन्स के मूल्यांकन एवं इसमें सुधार लाने के लिए बीआईटी मेसरा कैंपस का व्यापक ग्रीन कैंपस ऑडिट एवं ग्रीनहाउस गैस अकाउन्टिंग भी की गई।
ईएसजी और पर्यावरण अनुकूल प्रोडक्ट डिज़ाइन पर दो विशेषज्ञ व्याख्यान हुए, जहां स्थायी प्रथाओं और ज़िम्मेदार इनोवेशन पर विचार प्रस्तुत किए गए। कैंपस के दायरे से बढ़कर रूडिया गांव में एक सामुदायिक आउटरीच प्रोग्राम आयोजित किया गया, जहां समुदायों को व्यर्थ के पृथक्करण, प्लास्टिक के इस्तेमाल में कमी लाने के लिए जागरुक बनाया गया। साथ ही स्कूली छात्रों को सस्टेनेबिलिटी के आइडियाज़ प्रस्तुत करने के लिए प्रोत्साहित भी किया गया।
कार्यक्रम के दौरान जीरो प्लास्टिक पहलों पर भी जोर दिया गया, जिसके तहत पूरे कैंपस में प्लास्टिक कम करने, उसका दोबारा इस्तेमाल करने और जिम्मेदारी से इस्तेमाल की आदतों को बढ़ावा दिया गया।
इस कार्यक्रम में 932 छात्रों, 31 फैकल्टी सदस्यों और 16 स्टाफ व अधिकारियों ने हिस्सा लिया। कुल मिलाकर यह पहल बेहद सफल रही।


बीआईटी मेसरा में आयोजित भारत एनवायरनमेन्ट प्रोग्राम 2026- सस्टेनेबिलिटी के राष्ट्रीय और वैश्विक लक्ष्यों के अनुरूप- पर्यावरण के प्रति जागरूकता, सस्टेनेबल तरीकों एवं सामुदायिक भागीदारी को बढ़ावा देने की संस्थान की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।